Category: Main Teri Heer

“मैं तेरी हीर” – 30

Main Teri Heer – 30 Main Teri Heer – 30 अस्सी घाट के गलियारे में खड़ा शक्ति और काशी बारिश में भीग रहे थे। दोनों एक दूसरे की आँखों में इस कदर डूबे हुए थे की उन्हें होश ही नहीं रहा।...

“मैं तेरी हीर” – 29

Main Teri Heer – 29 Main Teri Heer – 29 रात में देर तक जागने की वजह से वंश , काशी और अंजलि देर तक सोते रहे। सारिका वंश के कमरे में आयी और देखा वंश किसी मासूम बच्चे सा तकिये...

“मैं तेरी हीर” – 28

Main Teri Heer – 28 Main Teri Heer – 28 दिवाली की वो रात सबके लिए यादगार बन चुकी थी। शिवम् सारिका अपने पुरे परिवार के साथ थे खुश थे। मुरारी ने इतना अच्छा गाना गाकर महफ़िल जमा दी तो वही...

“मैं तेरी हीर” – 27

Main Teri Heer – 27 Main Teri Heer – 27 मुरारी ने अपने हाथो अपनी लंका लगवा ली थी वो भी वंश पर भरोसा करके। वंश को भी नहीं पता था की ऐसा कुछ होने वाला है जैसे ही मुरारी ने...

“मैं तेरी हीर” – 26

Main Teri Heer – 26 Main Teri Heer – 26 अपने कमरे की खिड़की के पास खड़ी काशी जाते हुए शक्ति को देखते रही , शक्ति उसकी आँखों से ओझल हो चुका था लेकिन काशी सोच में डूबी वही खड़ी रही।...
error: Content is protected !!