Sakinama – 4 Sakinama – 4 अगले दिन शाम में ऑफिस से आने के बाद मैं बार बार अपना फोन चैक कर रही थी। ऐसा मेरे साथ पहले कभी नहीं हुआ था , एटलीस्ट किसी के फोन का इंतजार मैंने कभी...
Sakinama – 3 Sakinama – 3 कुछ देर बाद मौसाजी ने आकर मुझसे बैठक में आने को कहा। मैं जैसे ही जाने लगी राघव की मम्मी ने कहा,”सर ढककर जाओ”मुझे थोड़ा अजीब लगा लेकिन बड़ो की बात मानने के अलावा मेरे...
Pakizah – 46 Pakizah – 46 राजीव ने जैसे ही पाकीजा को भाभी कहा वहा मौजूद सभी लोग चौंक गए l भावना एक तो पहले से उस से चिढ़ी हुयी थी राजीव की बात सुनकर और ज्यादा चिढ गयी l वह...
Pakizah – 35 Pakizah – 35 “एक वेश्या के बेटे से आखिर इस से ज्यादा ओर क्या उम्मीद की जा सकती है”,अविनाश जी ने शिवेन से ये कड़वे शब्द कहे ओर वहां से चले गए “वेश्या का बेटा” शिवेन को छोड़कर...
Pakizah – 34 Pakizah – 34 “मैं दूंगा गवाही”,कहते हुए वह सख्स थाने के अंदर आया सबकी नजरे उस पर जम गयी l सभी हैरानी से उसे देख रहे थे पर कोई सबसे ज्यादा हैरान था तो वो थी सोनाली…………………..!! सामने...